राज्य सरकार उत्तराखंड के ट्रेकर्स को देगा जीपीएस रिस्टबैंड, सुरक्षा के लिए आवश्यक

हर साल बड़ी संख्या में पहुंचने वाले ट्रेकर्स की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए, राज्य सरकार ने उन्हें जीपीएस-सक्षम रिस्टबैंड सौंपेगा ताकि दुर्घटना की स्थिति में उनका पता लगाया जा सके।

राज्य सरकार उत्तराखंड के ट्रेकर्स को देगा जीपीएस रिस्टबैंड, सुरक्षा के लिए आवश्यक

उत्तराखंड की चोटियों पर हर साल बड़ी संख्या में पहुंचने वाले ट्रेकर्स की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए, राज्य सरकार ने उन्हें जीपीएस-सक्षम रिस्टबैंड सौंपेगा ताकि दुर्घटना की स्थिति में उनका पता लगाया जा सके। गुरुवार को पर्यटन अधिकारियों के साथ बैठक में मुख्य सचिव एस एस संधू ने विभाग को पर्वतारोहियों और ट्रेकर्स के लिए रिस्टबैंड उपलब्ध कराने का निर्देश दिया ताकि तलाशी अभियान के दौरान उनके स्थान का पता लगाया जा सके। संधू ने कहा कि उनकी सुरक्षा के लिए अन्य आवश्यक प्रबंध भी किए जाएं। 

कई ट्रैकर्स हो चुके है लापता 

यह उस समय आया है जब नौसेना के एक अभियान दल के सदस्य माउंट त्रिशूल पर लापता हो गए थे। बाद में चार शव निकाले गए। सुदूर इलाकों में पहले भी कई ट्रेकर्स लापता हो चुके हैं। संधू ने कहा कि चार धाम यात्रा मौसमी पर्यटन प्रदान करती है, लेकिन ऑफ-सीजन पर्यटन के लिए भी व्यापक गुंजाइश है। “कनेक्टिविटी पर भी काम करना महत्वपूर्ण है। हेलीपैड और हेलीपोर्ट के निर्माण पर जल्द से जल्द काम किया जाए। 

यात्रा मार्ग पर मिलेगी शौचालय की सुविधा 

राज्य के वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि उन क्षेत्रों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए जहां पर्यटन के विकास की संभावना है, लेकिन जो कनेक्टिविटी के कारण पिछड़ रहे हैं. उन्होंने कहा कि यात्रियों और आम जनता की सुविधा के लिए यात्रा मार्गों पर हर 30 किमी पर पानी और शौचालय की सुविधा उपलब्ध कराई जाए। मुख्य सचिव ने यह भी कहा कि युवाओं को पर्यटन संबंधी जानकारी देने के लिए एक ऐप और वेबसाइट तैयार की जाए.