एक बार फिर सीएम बदलने की आ सकती है नौबत तीरथ सिंह रावत सीएम पद के योग्य नहीं है: नवप्रभात

अटकलें लगाई जा रही है की विधानसभा चुनाव से पहले सीएम तीरथ को छोड़नी पड़ सकती है सीएम की कुर्सी

एक बार फिर सीएम बदलने की आ सकती है नौबत तीरथ सिंह रावत सीएम पद के योग्य नहीं है: नवप्रभात

सीएम तीरथ सिंह रावत ने जब से उत्तराखंड राज्य की गद्दी संभाली है तब से उनपर कई बार उंगलियां उठ चुकी है हालाकिं अपने विरोधियों के सवालों का सामना करते हुए सीएम तीरथ सिंह अपने सभी दायित्वों को पूरा करने की कोशिश कर रहे है। जिसपर कांग्रेस नेता नवप्रभात ने सविंधान का हवाला देते हुए कहा है की एक बार फिर उत्तराखंड में सीएम बदलने की नौबत आ सकती है। कांग्रेस नेता नवप्रभात का कहना है  की तीरथ सिंह रावत सीएम पद के योग्य नहीं है। 

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक नवप्रभात ने कहा है की  'उत्तराखंड में एक संवैधानिक संकट खड़ा हो रहा है। वर्तमान मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत चूंकि विधायक नहीं हैं, इसलिए उनका सीएम बने रहना संभव नहीं है। छह महीने का समय पूरा होने यानी 9 सितंबर के बाद सीएम बने रहने के लिए रावत को विधायक होना ज़रूरी होगा, लेकिन जनप्रतिनिधित्व एक्ट के सेक्शन 151ए के तहत उपचुनाव अभी नहीं करवाएं जा सकते क्योंकि विधानसभा चुनाव में अब एक साल से भी कम समय शेष रह गया है। 

उत्तराखंड राज्य में पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के कार्यकाल के से काफी हद तक असंतोष की स्तिथि बानी हुई थी जिसके चलते उनको इस्तीफा देना पड़ा जिसके उपरांत  साल 2021 मार्च के महीने में तीरथ सिंह रावत ने मुख्यमंत्री पद के लिए चुने गए थे। सीएम तीरथ गढ़वाल से भाजपा सांसद थे। कांग्रेस नेता का कहना है कि विधायकों की मृत्यु की वजह से वर्तमान में गंगोत्री और हल्द्ववानी दो विधानसभा सीटें खाली हैं। लेकिन, नवप्रभात के मुताबिक, 'चूंकि मार्च 2022 में विधानसभा का कार्यकाल पूरा होगा यानी अब चुनाव में नौ महीने ही शेष है, तो उपचुनाव नहीं हो सकेगा। ऐसे में 9 सितंबर के बाद तीरथ सिंह रावत को मुख्यमंत्री पद पर रहने की इजाज़त संविधान नहीं देगा।