राजधानी काबुल में शुरू हुई चहलकदमी, कैफ़े और कारों में नहीं बजा म्यूजिक

अफ़ग़ानिस्तान में तालिबान की सरकार उनके कानून मंगलवार से जारी हो चुके है

राजधानी काबुल में शुरू हुई चहलकदमी, कैफ़े और कारों में नहीं बजा म्यूजिक

अफ़ग़ानिस्तान में तालिबान की सरकार उनके कानून मंगलवार से जारी हो चुके है. वही तालिबानियों ने सरकारी दफ्तरों में कर्मचारियों को वापस काम पर आने को कहा था. लेकिन देहशत में जी रही आधी अफ़ग़ान की अवाम जो अफ़ग़ान को नहीं छोड़ना चाहती उन्होंने वही रहना का चुनाव किया क्यूंकि वे नागरिग अफ़ग़ानिस्तान को नहीं छोड़ना चाहते. मंगलवार को तालिबान के कुछ वरिष्ठ नेताओं ने काबुल में एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित किया जिसमे कहा गया की देश के भविष्य और नई सरकार के गठन की तालिबान की योजनाओं को पेश जाएगा.

वॉयस नोट के जरिए भेजा आदेश 

वही तालिबान ने मंगलवार को एक बयान जारी कर अपने सैन्य दल को निर्देश दिया है की उन्हें किसी के भी घर में जबरन या लूटपाट के इरादे प्रवेश नहीं करना है साथ ही निर्देश जारी किए गए है की काबुल में दूतावास की वाहनों के साथ किसी भी तरह का हस्तछेप नहीं करना है. तालिबानी उप-नेता मौलवी ने अपने सैन्य दल को वॉयस नोट के माध्यम से आदेश भेज था.


लूटपाट करने वालों की तालिबान देगा कड़ी सजा 


यह आदेश जारी होने से पहले कुछ रिपोर्ट्स साझा की गई है जिसमे सामने आया है की तालिबान के लड़ाके इस बीच घरों में घुसकर लूटपाट को अंजाम दे रहे है और अफ़ग़ानिस्तान पर अपने जड़े मजबूत कर रहे है. जिसपर तालिबान ने अफ़ग़ान नागरिगों के डर को खत्म करते हुए नोटिस जारी की है अगर अवाम के साथ इनके घरों में लूटपाट होती है तो तालिबान उन्हें खुद कड़ी सजा देगा.

राजधानी में शुरू हुई चहलकदमी

मंगलवार को राजधानी के में चहलकदमी और ट्रैफिक दिखाई दिया साफ़ तौर पर कहा जा सकता है की अफ़्ग़ानिस्तानियों के पास देश छोड़ने का विकल्प नहीं है इसलिए अपनी रोज मर्रा की जिंदगी को एक बार फिर शुरू कर दिया है. वही राजधानी काबुल में कुछ जगहों पर दुकाने खुली दिखाई दी केमिस्ट और बेकरी की दुकाने खुली रही. उधर काबुल ने एक टीवी पत्रकार व महिला एंकर ने एक तालिबान नेता का इंटरव्यू भी लिया साथ वह की दीवारों पर महिला मॉडल्स की तस्वीरों को पूर्णरूप से हटा दिया गया साथ कारों और कैफ़े में किसी तरह संगीत नहीं बजा.