कृष्णा जन्मभूमि विवाद: अब मथुरा कोर्ट करेगा शाही ईदगाह मस्जिद की वीडियोग्राफी की याचिका की सुनवाई

याचिका के अनुसार याचिकाकर्ताओं ने दावा किया है कि शाही ईदगाह मस्जिद का निर्माण श्री कृष्ण जन्मभूमि मंदिर के एक हिस्से को तोड़कर किया गया था

कृष्णा जन्मभूमि विवाद: अब मथुरा कोर्ट करेगा शाही ईदगाह मस्जिद की वीडियोग्राफी की याचिका की सुनवाई

वाराणसी में ज्ञानवापी मस्जिद सर्वेक्षण के बाद, उत्तर प्रदेश के मथुरा में एक स्थानीय अदालत ने इसी तरह की याचिका पर सुनवाई के लिए सहमति व्यक्त की है, जिसमें कृष्ण जन्मभूमि से सटे शाही ईदगाह मस्जिद की वीडियोग्राफी की मांग की गई है। याचिकाकर्ताओं, जिनमें मनीष यादव, महेंद्र प्रताप सिंह और दिनेश शर्मा शामिल हैं, ने मथुरा में शाही ईदगाह मस्जिद परिसर में वीडियो सर्वेक्षण करने के लिए एक अधिवक्ता आयुक्त की नियुक्ति की मांग की है। 


याचिका के अनुसार याचिकाकर्ताओं ने दावा किया है कि शाही ईदगाह मस्जिद का निर्माण श्री कृष्ण जन्मभूमि मंदिर के एक हिस्से को तोड़कर किया गया था, जो 13.37 एकड़ जमीन में फैला हुआ था। वे मस्जिद को हटाने और मंदिर के लिए जमीन वापस करने की मांग कर रहे हैं। गौरतलब है कि इससे पहले 12 मई को इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने मथुरा कोर्ट को श्री कृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह मस्जिद विवाद से जुड़े सभी मामलों को चार महीने के भीतर निपटाने का निर्देश दिया था। उच्च न्यायालय मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह विवाद के मामलों के शीघ्र निपटारे की याचिकाओं पर सुनवाई कर रहा था। 


उच्च न्यायालय ने यह भी कहा कि यदि सुन्नी वक्फ बोर्ड और अन्य पक्ष सुनवाई में शामिल नहीं होते हैं या मामले को उलझाने का प्रयास किया जाता है, तो अदालत एकतरफा आदेश जारी कर सकती है। हाईकोर्ट का यह आदेश याचिकाकर्ता नारायणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनीष यादव की याचिका पर आया है। याचिकाकर्ता ने अपनी याचिका में मामले को जल्द से जल्द निपटाने की अपील की थी। श्रीकृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह विवाद मामले में अब तक मथुरा कोर्ट में नौ मामले दर्ज हो चुके हैं।