हरिद्वार पुलिस ने आनंद गिरि को किया गिरफ्तार, पांच पन्नों के सुसाइड नोट में था नाम

सुसाइड नोट में महंत नरेंद्र गिरि ने अपने शिष्य आनंद गिरि का नाम लिखा था जिसके चलते आनंद गिरि को हरिद्वार पुलिस ने हिरासत में ले लिया है

हरिद्वार पुलिस ने आनंद गिरि को किया  गिरफ्तार, पांच पन्नों के सुसाइड नोट में था नाम

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष नरेन्द्र गिरी की आत्महत्या से मचे हड़कंप ने सबको हिला कर रख दिया है वही इस जैसा की सुसाइड नोट में महंत नरेंद्र गिरि ने अपने शिष्य आनंद गिरि का नाम लिखा था जिसके चलते आनंद गिरि को हरिद्वार पुलिस ने हिरासत में ले लिया है आनंद गिरी को श्यामपुर थाना क्षेत्र के  गाजी वाली में स्थित उनके आश्रम में रखा गया है बताया यह भी जा रहा है कि उत्तर प्रदेश पुलिस हरिद्वार के लिए रवाना हो गई है ताकि  महंत आनंद गिरी से पूछताछ की जा सके आपको बता दें कि महंत नरेंद्र गिरि के 5 पन्नों के सुसाइड नोट छोड़ा है जिसमें उन्होंने  मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाया है फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। 

इलाहाबाद स्थित आश्रम में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली

वही अध्यक्ष महेंद्र की हत्या और आत्माहत्या से सभी साधु संतों के बीच गहरा दुःख और शोक की लहर है। उनके शिष्य आनंद गिरि ने सभी आरोपों को गलत और निराधार बताया है। बताते चलें कि आज शाम अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष नरेंद्र गिरी ने अपने इलाहाबाद स्थित आश्रम में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली पुलिस ने बताया कि कमरे से 5 पेज का एक नोट मिला है जिसमें उन्होंने आत्महत्या कारणों का जिक्र किया है इसमें आनंद गिरि का नाम भी शामिल है आनंद गिरी से कुछ दिनों से पहले उनका विवाद भी चला था जिसमें बाद में आनंद गिरी ने उनके चरणों में गिर कर माफी मांग कर विवाद शांत करा लिया गया था और नरेन्द्र गिरी ने भी उनको माफ कर दिया था। 

आनंद गिरि ने नरेन्द्र गिरी से माफी मांग ली थी 


जैसा की आनंद गिरि के बारे में पता चला है की आनंद मठ से ज्यादा अपने परिवार में समय व्यतीत कर रहे थे जिसके चलते उनके गुरु महंत नरेंद्र गिरि ने अपने शिष्य आनंद गिरि को बाहर का रास्ता दिखा दिया था। कहा यह भी जा रहा है की आनंद गिरि भले महंत नरेंद्र के शिष्य थे लेकिन महंत नरेंद्र के बारे में बहुत कुछ जानते थे या समझा जाएं उनके अच्छे राजदार थे। लेकिन ऐसा क्या हुआ की महंत गिरि को मानसिक प्रताड़ना का सामना करना पड़ रहा था जिसके बाद नरेंद्र गिरि की आत्महत्या की घटना सबके सामने है। फिलहाल श्यामपुर पुलिस स्टेशन में आनंद गिरि नजर बंद है।