कैबिनेट में सीएम धामी ने लिए अहम फैसले, गैस सिलिंडर समेत इन मुद्दों पर लिया फैसला

एक मंजिल से दो मंजिल तक बढ़ाने के लिए उनके लिए सात महत्वपूर्ण फैसलों पर मुहर लगाई गई, जिसमें संबंधित ठेकेदार को एक ही दर पर काम करने की अनुमति देना शामिल है।

कैबिनेट में सीएम धामी ने लिए अहम फैसले, गैस सिलिंडर समेत इन मुद्दों पर लिया फैसला

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की बहुप्रतीक्षित कैबिनेट बैठक में सभी अंत्योदय कार्ड धारकों को प्रति वर्ष तीन गैस सिलिंडर नि:शुल्क देना, गेहूं खरीद एवं भवनों से संबंधित हर वर्ष की तरह किसानों को 20 रुपये प्रति क्विंटल बोनस देना जिनका निर्माण श्री केदारनाथ के निर्माण के संबंध में किया गया है। एक मंजिल से दो मंजिल तक बढ़ाने के लिए उनके लिए सात महत्वपूर्ण फैसलों पर मुहर लगाई गई, जिसमें संबंधित ठेकेदार को एक ही दर पर काम करने की अनुमति देना शामिल है। 


नई सरकार से नई उम्मीदें लगा रहे विभिन्न कर्मचारी व अन्य वर्ग निराश हैं क्योंकि उन्हें कोई राहत नहीं मिली है. कोरोना काल में सरकारी दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल सहित प्रदेश के विभिन्न सरकारी अस्पतालों में उपनल एवं पीआरडी के माध्यम से रखे गये आउटसोर्स कर्मचारियों की सेवा 31 मार्च को बढ़ाये जाने पर धामी मंत्रिपरिषद ने कोई निर्णय नहीं लिया है. स्वास्थ्य मंत्री के ऐलान से कैबिनेट में इस संबंध में फैसले का इंतजार कर रहे आउटसोर्स कर्मचारियों में रोष है। 


गुरुवार को राज्य सचिवालय के विश्वकर्मा भवन स्थित वीरचंद्र सिंह गढ़वाल सभागार में राज्य मंत्रिमंडल की बैठक हुई. नए कार्यकाल में अब तक धामी कैबिनेट की सिर्फ एक बैठक हुई है. इस बैठक में समान नागरिक संहिता से संबंधित निर्णय भी लिया गया। इस बैठक में सरकार ने मुफ्त एलपीजी सिलेंडर और मुख्यमंत्री किसान प्रोत्साहन योजना पर भी फैसला किया है। ये दोनों ही बहुत महत्वपूर्ण प्रस्ताव थे। 


कैबिनेट के फैसले

1- हरिद्वार जिला पंचायत के निर्वाचन के संबंध में यह निर्णय लिया गया कि उक्त के संबंध में विधिक पक्ष से महाधिवक्ता को अवगत कराया जायेगा। इसके बाद कैबिनेट फैसला करेगी।
2-गेहूं उपार्जन से संबंधित हर वर्ष की तरह किसानों को 20 रुपये प्रति क्विंटल बोनस देने का निर्णय लिया गया। 
3-राज्य के सभी अंत्योदय कार्ड धारकों को हर साल तीन गैस सिलेंडर मुफ्त दिए जाएंगे। इससे जुड़े लाभार्थियों की संख्या एक लाख 84 हजार 1 सौ 42 होगी और इस पर कुल 55 करोड़ रुपये खर्च होंगे। 
4-गन्ना विभाग द्वारा सरकारी गारंटी दी जाती है, इसके ऊपर गन्ना विभाग को सुरक्षा शुल्क का भुगतान करना होता है, अधिनियम के अनुसार यह राशि गन्ना विभाग को मुफ्त दी जाएगी. यदि गन्ना विभाग को गन्ना मूल्य भुगतान के लिए धन की आवश्यकता है तो सरकार इसकी प्रतिपूर्ति करेगी। अगर इस शुल्क का भुगतान करने के लिए पैसे की जरूरत है, तो सरकार आर्थिक सहायता देगी। 5-पशुपालन विभाग में कृत्रिम गर्भाधान के लिए जाने वाले कर्मियों को पहले की तरह खेत में 40 रुपये और पहाड़ में 50 रुपये दिए जाएंगे। 
6-श्री केदारनाथ के निर्माण के संबंध में जिन भवनों को 1 मंजिल से 2 मंजिल तक बढ़ाया जाना है, उनके लिए संबंधित ठेकेदार को उसी दर पर काम करने की अनुमति दी गई थी। 
7-अंतिम सभा के सत्रावसान की औपचारिक स्वीकृति प्रदान की गई।