हिमाचल प्रदेश के नेशनल हाईवे पर हुआ दर्दनाक हादसा, बस के ऊपर गिरी चट्टानें चालीस यात्री मलबे में दबे

परवर्तीय क्षेत्रों में एक बाद एक प्रकृति आपदा का विकराल रूप देखने को मिल रहा है।

हिमाचल प्रदेश के नेशनल हाईवे पर हुआ दर्दनाक हादसा, बस के ऊपर गिरी चट्टानें चालीस यात्री मलबे में दबे

परवर्तीय क्षेत्रों में एक बाद एक प्रकृति आपदा का विकराल रूप देखने को मिल रहा है। वही हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जिले के निगुलसेरी नेशनल हाईवे-5 पर चील जंगल के पास चट्टानें गिरने से बड़ा हादसा सामने आया है।  वहीं इस भयावह हादसे में एचआरटीसी बस की चपेट में आने की सूचना है। इस हादसे को देखते ही आस पास चीख पुकार मच गई। बताया जा रहा है कि चट्टानें गिरने से एचआरटीसी बस मलबे में दब गई है। करीब 40 लोगों के मलबे में दबे होने के आशंका है।

चालीस यात्री थे सवार 

तत्काल इसकी सूचना स्थानीय लोगों ने प्रशासन को दी। वहीं पुलिस की टीम मौके पर पहुंच गई हैं। सुचना के आधार पर पता चला है की यह बस किन्नौर जिले मे मूरंग हरिद्वार रूट की जिसमे लगभग चालीस यात्री सवार थे। वहीं मौके पर पहुंची पुलिस,एनडीआरएफ, सेना व स्थानीय लोग घायलों को अस्पताल पहुंचाने में जुटे हुए दिखे। लगातार इस तरह की आपदा से आमजीवन के सर पर खतरा मंडरा रहा है वहीं एनडीआरएफ टीम के लिए मुश्किल बढ़ती जा रही है।  


आमजीवन खतरे में 

हिमचाल प्रदेश के श्याम रावत का कहना है की आए दिन बारिश के चलते इन आपदाओं का सामना करना पड़ता है। रोजाना इस तरह की घटना देखकर लगता है की घरों में ही सुरक्षित रहे लेकिन ऐसा संभव नहीं हो पता है किसी ना किसी काम के चलते निकलना ही पड़ता है लेकिन दूसरी तरफ मन में डर भी बना रहता है की कहीं इस आपदा का शिकार ना हो जाए। 

इस सड़क से उस सड़क पर गिरा था वाहन 

बता दे ऐसा ही दर्दनाक हादसा बीते 25 जुलाई 2021 को किन्नौर जिले के बटसेरी में सांगला-छितकुल मार्ग पर हुआ था। जहाँ देखते ही देखते पहाड़ी से दरकी चट्टानों की चपेट में एक पर्यटक का वाहन आ गया था। इस दर्दनाक हादसे में टेंपो ट्रैवलर में सवार नौ पर्यटकों ऑन द स्पॉट मौत हो गई थी। हादसा इस कदर भयानक था कि वाहन को चट्टानों ने हवा में ही उड़ा दिया था और 600 मीटर नीचे बास्पा नदी के किनारे दूसरी सड़क पर जा गिरा था। मृतकों में मां और दोनों बच्चों समेत 4 राजस्थान के, छत्तीसगढ़ के दो, महाराष्ट्र और दिल्ली का एक-एक पर्यटक था। सभी पर्यटक दिल्ली से ट्रैवल एजेंसी के वाहन में किन्नौर घूमने आए थे। पहाड़ी से गिरे बड़े पत्थर से बटसेरी स्थित बास्पा नदी पर बना 120 मीटर लंबा लोहे का पुल भी पलक झपकते ही बिखर कर रह गया था।